दिल्ली सरकार राष्ट्रमंडल खेलों में हुए घोटालों को लेकर भी शीला दीक्षित के खिलाफ जांच के आदेश दे सकती है।
सूत्रों का कहना है कि इस मामले में शीला को टैंकर माफिया को अप्रत्यक्ष रूप से लाभ पहुंचाया गया है। पार्टी के एक बड़े नेता के अनुसार शीला दीक्षित पर विभिन्न मामलों में एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी है जिसके तहत अवैध कॉलोनी के मामले के साथ-साथ पानी आपूर्ति को निजी हाथों में देने जैसे फैसले भी मुख्य रूप से शामिल हैं। इस मामले में इस बात की भी जांच की जाएगी कि पानी की आपूíत कागजों में कुछ और दिखाई जाती थी जबकि लोगों तक उतनी पानी की आपूíत नहीं पहुंचती थी।
इसके अलावा पाइपलाइन बिछाने में हुई अनियमितताओं की भी जांच की जाएगी। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पार्टी एक हफ्ते में पानी के निजीकरण से होने वाले नुकसान को लेकर शीला दीक्षित के खिलाफ जांच आयोग का गठन करेगी। खास बात यह है कि आम आदमी पार्टी ने चुनाव से पहले दिल्ली की जनता से वादा किया था कि वह सरकार बनाने के बाद दिल्ली के सभी भ्रष्टनेताओं के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें जेल में डालेंगे। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार शीला दीक्षित के बाद कांग्रेस के कुछ अन्य नेताओं के खिलाफ भी जांच के आदेश दिए जा सकते हैं।
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